पंचायती राज मंत्रालय
ई-ग्रामस्वराज एवं पंचायतों का डिजिटल सशक्तिकरण
प्रविष्टि तिथि: 25 MAR 2026 1:56PM by PIB Delhi
पंचायती राज मंत्रालय द्वारा डिजिटल माध्यमों का उपयोग करके पंचायती राज संस्थाओं (पीआरआई) के कामकाज में पारदर्शिता, कार्यदक्षता और जवाबदेही को मज़बूत बनाने के उद्देश्य से संशोधित राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान (आरजीएसए) के तहत ई-पंचायत मिशन मोड परियोजना (एमएमपी) का कार्यान्वयन किया जा रहा है।
डिजिटल पंचायतों की शुरुआत और ग्रामीण शासन में बदलाव लाने के विजन से, माननीय प्रधानमंत्री जी ने 24 अप्रैल, 2020 को ई-ग्राम स्वराज पोर्टल (https://egramswaraj.gov.in) का शुभारंभ किया था। ई-पंचायत एमएमपी के भाग के रूप में विकसित ईग्रामस्वराज ऐप ने पंचायत स्तर पर डिजिटल आयोजना, लेखांकन, निगरानी और ऑनलाइन भुगतान की प्रक्रिया को आसान बनाया है। ईग्रामस्वराज, पंचायतों को अपनी वार्षिक पंचायत विकास योजनाओं (जीपीडीपी) को ऑनलाइन तैयार करने और अपलोड करने की सुविधा प्रदान करता है। इसके अलावा, ‘ई-ग्राम स्वराज’ का ‘सार्वजनिक वित्तीय प्रबंधन प्रणाली’ (पीएफएम) के साथ एकीकरण होने से विक्रेताओं और सेवा प्रदाताओं को वास्तविक-समय में भुगतान करना संभव हो गया है, जिससे निधियों का सुचारू रूप से प्रवाह सुनिश्चित होता है और भुगतान में होने वाली देरी कम होती है।
इसके अलावा, मंत्रालय ने ई-पंचायत एमएमपी के तहत कई अन्य ऐप भी विकसित किए हैं। ‘मेरी पंचायत’ ऐप नागरिकों को पंचायत योजना, गतिविधियों और कार्यों की प्रगति के बारे में जानकारी तक पहुंच प्रदान करता है। ‘पंचायत निर्णय’ ग्राम सभा की बैठकों के पारदर्शी संचालन और प्रबंधन को सुगम बनाता है। ऑडिटऑनलाइन ऐप से विशेष रूप से केंद्रीय वित्त आयोग के अनुदानों के उपयोग के संबंध में पंचायत खातों और वित्तीय प्रबंधन का ऑनलाइन लेखापरीक्षण किया जाता है, इसके अलावा, कार्यवाही का सटीक दस्तावेजीकरण सुनिश्चित करने के लिए मंत्रालय ने ग्राम सभा और पंचायत की बैठकों के वॉइस-टू-टेक्स्ट ट्रांसक्रिप्शन और सारांश के लिए एक एआई-सक्षम प्लेटफॉर्म ‘सभासार’ शुरू किया है। दिनांक 18.03.2026 के अनुसार, 1.17 लाख से अधिक ग्राम पंचायतों ने बैठकों के कार्यवृत्त तैयार करने के लिए सभासार पोर्टल का उपयोग किया है और पोर्टल पर 2.39 लाख से अधिक कार्यवृत्त अपलोड किए गए हैं।
दिनांक 18.03.2026 की स्थिति के अनुसार, मौजूदा वित्त वर्ष 2025–26 के दौरान, कुल 258,730 ग्राम पंचायतों में से 244175 ग्राम पंचायतों और उनके समकक्ष निकायों (94.37%) ने ईग्रामस्वराज–पीएफएमएस इंटरफ़ेस के ज़रिए ₹39,440 करोड़ का भुगतान किया है। ईग्रामस्वराज को अपनाने की राज्य-वार स्थिति अनुलग्नक– I में दी गई है।
संविधान की 7वीं अनुसूची के तहत स्थानीय स्व-शासन और ग्राम प्रशासन ‘राज्य का विषय’ होने के कारण, पंचायतों में अवसंरचना के विकास जिसमें कम्प्यूटरीकरण भी शामिल है, की प्राथमिक ज़िम्मेदारी राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों की होती है। हालाँकि, केंद्र प्रायोजित योजना राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान (आरजीएसए) के तहत, पंचायती राज मंत्रालय (एमओपीआर) विशेष रूप से पूर्वोत्तर राज्यों पर ध्यान केंद्रित करते हुए, सीमित पैमाने पर पंचायत अवसंरचना के निर्माण में राज्यों और संघ राज्य क्षेत्रों के प्रयासों को पूरा करता है।
इस योजना के अंतर्गत, मंत्रालय पंचायतों के भीतर अवसंरचना संबंधी प्रमुख घटकों के लिए सहायता प्रदान करता है; इनमें पंचायत भवन, ‘सामान्य सेवा केंद्र’ (सीएससी) के सह-स्थापन तथा कंप्यूटर ख़रीद शामिल हैं। राज्य अपनी अवसंरचना संबंधी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए विभिन्न स्रोतों से धनराशि का भी उपयोग कर सकते हैं, इन स्रोतों में 15वां वित्त आयोग, राज्य वित्त आयोग (सीएससी), ‘स्वयं के राजस्व स्रोत’ (ओएसआर) और ग्राम पंचायतों के पास उपलब्ध कोई भी अन्य संसाधन शामिल हैं। इसके अलावा, मंत्रालय राज्यों और पंचायतों को केंद्र और राज्य सरकारों की विभिन्न अवसंरचना योजनाओं के साथ इन निधियों को एकीकृत करके उनका लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित करता है।
संशोधित राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के तहत वर्ष 2023-24 से वर्ष 2025-26 तक (दिनांक 28.02.2026 की स्थिति के अनुसार) जारी की गई धनराशि का राज्य/संघ राज्य क्षेत्र-वार विवरण, जिसमें कंप्यूटर खरीद के लिए निर्धारित धनराशि भी शामिल है, अनुलग्नक -II में दिया गया है। पिछले तीन वर्षों (दिनांक 28.02.2026 की स्थिति के अनुसार) के दौरान स्वीकृत एवं क्रय किए गए कंप्यूटरों की राज्य/संघ राज्य क्षेत्र-वार स्थिति अनुलग्नक-III में दी गई है।
अनुलग्नक I
वित्त वर्ष 2025-26 के लिए ई-ग्रामस्वराज को अपनाने की राज्यवार स्थिति
|
क्र.सं. |
राज्य का नाम |
ग्राम पंचायत और समकक्ष |
(ईजीएस – पीएफएमएस) अपनाने वाली ग्राम पंचायत |
ऑनलाइन भुगतान सुविधा वाली ग्राम पंचायतें एवं समकक्ष निकाय |
स्वीकृत भुगतान |
|
(करोड़ रु.में) |
|||||
|
1 |
आंध्र प्रदेश |
13327 |
13320 |
13032 |
1484.923 |
|
2 |
अरुणाचल प्रदेश |
2108 |
2108 |
1509 |
52.323 |
|
3 |
असम |
2663 |
2189 |
2112 |
480.623 |
|
4 |
बिहार |
8054 |
8054 |
8048 |
2695.357 |
|
5 |
छत्तीसगढ |
11692 |
11687 |
11337 |
761.357 |
|
6 |
गोवा |
191 |
191 |
117 |
19.064 |
|
7 |
गुजरात |
14619 |
14596 |
13878 |
1675.943 |
|
8 |
हरियाणा |
6227 |
6227 |
6029 |
950.412 |
|
9 |
हिमाचल प्रदेश |
3615 |
3615 |
3577 |
356.997 |
|
10 |
झारखंड |
4345 |
4345 |
4275 |
400.922 |
|
11 |
कर्नाटक |
5949 |
5949 |
5938 |
1870.97 |
|
12 |
केरल |
941 |
941 |
938 |
461.735 |
|
13 |
मध्य प्रदेश |
23011 |
23011 |
22258 |
2129.333 |
|
14 |
महाराष्ट्र |
28002 |
27934 |
26541 |
3512.373 |
|
15 |
मणिपुर |
3175 |
161 |
113 |
1.893 |
|
16 |
मेघालय |
0 |
0 |
0 |
0 |
|
17 |
मिजोरम |
855 |
841 |
817 |
146.585 |
|
18 |
नागालैंड |
1312 |
984 |
0 |
0 |
|
19 |
ओडिशा |
6794 |
6794 |
6786 |
1813.695 |
|
20 |
पंजाब |
13236 |
13233 |
12450 |
1591.407 |
|
21 |
राजस्थान |
13128 |
11184 |
10798 |
2129.594 |
|
22 |
सिक्किम |
199 |
199 |
197 |
24.961 |
|
23 |
तमिलनाडु |
12482 |
12482 |
12442 |
1537.011 |
|
24 |
तेलंगाना |
12760 |
12679 |
11684 |
430.878 |
|
25 |
त्रिपुरा |
1194 |
1194 |
1192 |
158.845 |
|
26 |
उत्तराखंड |
7817 |
7792 |
7102 |
391.178 |
|
27 |
उत्तर प्रदेश |
57695 |
57693 |
57668 |
12247.83 |
|
28 |
पश्चिम बंगाल |
3339 |
3339 |
3337 |
2114.493 |
|
कुल योग |
258730 |
252742 |
244175 |
39440.7 |
|
अनुलग्नक II
संशोधित राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत वर्ष 2023-24 से वर्ष 2025-26 तक जारी की गई निधियों का राज्य/संघ राज्य क्षेत्र-वार विवरण (दिनांक 28.02.2026 की स्थिति के अनुसार) (करोड़ रु.में)
|
क्र.सं. |
राज्य/संघ राज्य क्षेत्र |
2023-24 |
2024-25 |
2025-26 |
|
1 |
अंडमान और निकोबार द्वीप समूह |
0.79 |
2.12 |
1.00 |
|
2 |
आंध्र प्रदेश |
0.00 |
2.52 |
30.00 |
|
3 |
अरुणाचल प्रदेश |
72.09 |
70.00 |
52.00 |
|
4 |
असम |
77.70 |
60.00 |
55.71 |
|
5 |
बिहार |
25.00 |
0.00 |
35.00 |
|
6 |
छत्तीसगढ |
17.57 |
16.50 |
30.00 |
|
7 |
दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव |
1.00 |
1.00 |
1.25 |
|
8 |
गोवा |
0.89 |
1.35 |
1.00 |
|
9 |
गुजरात |
0.00 |
0.00 |
7.50 |
|
10 |
हरियाणा |
0.00 |
5.00 |
17.50 |
|
11 |
हिमाचल प्रदेश |
19.31 |
27.21 |
14.00 |
|
12 |
जम्मू एवं कश्मीर |
65.00 |
65.00 |
50.00 |
|
13 |
झारखंड |
31.00 |
0.00 |
15.00 |
|
14 |
कर्नाटक |
20.00 |
16.25 |
20.00 |
|
15 |
केरल |
10.00 |
10.00 |
18.00 |
|
16 |
लद्दाख |
1.00 |
0.00 |
0.50 |
|
17 |
लक्षद्वीप |
0.00 |
0.00 |
0.00 |
|
18 |
मध्य प्रदेश |
32.17 |
40.00 |
42.00 |
|
19 |
महाराष्ट्र |
116.12 |
80.00 |
53.00 |
|
20 |
मणिपुर |
9.56 |
0.00 |
3.55 |
|
21 |
मेघालय |
6.00 |
8.00 |
7.50 |
|
22 |
मिजोरम |
10.00 |
12.00 |
15.00 |
|
23 |
नागालैंड |
10.00 |
10.00 |
10.00 |
|
24 |
ओडिशा |
27.33 |
20.00 |
55.00 |
|
25 |
पुदुच्चेरी |
0.00 |
0.00 |
0.00 |
|
26 |
पंजाब |
10.00 |
5.00 |
30.00 |
|
27 |
राजस्थान |
21.72 |
15.00 |
10.00 |
|
28 |
सिक्किम |
6.00 |
7.00 |
3.00 |
|
29 |
तमिलनाडु |
0.00 |
45.00 |
20.00 |
|
30 |
तेलंगाना |
20.00 |
0.00 |
3.00 |
|
31 |
त्रिपुरा |
7.43 |
10.00 |
30.00 |
|
32 |
उत्तर प्रदेश |
84.13 |
38.77 |
20.24 |
|
33 |
उत्तराखंड |
64.67 |
50.00 |
40.00 |
|
34 |
पश्चिम बंगाल |
33.69 |
52.68 |
40.00 |
|
कुल |
800.17 |
670.40 |
730.75 |
अनुलग्नक III
संशोधित राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत पिछले तीन वर्षों के दौरान स्वीकृत एवं क्रय किए गए कंप्यूटरों का राज्य/संघ राज्य क्षेत्र-वार विवरण
|
क्र.सं. |
राज्य/संघराज्यक्षेत्र |
2023-24 |
2024-25 |
2025-26 (दिनांक 28.02.2026 ) की स्थिति के अनुसार) |
|||
|
स्वीकृत |
क्रय |
स्वीकृत |
क्रय |
स्वीकृत |
क्रय |
||
|
1 |
आंध्र प्रदेश |
0 |
0 |
1422 |
500 |
0 |
0 |
|
2 |
अरुणाचल प्रदेश |
0 |
200 |
400 |
600 |
0 |
736 |
|
3 |
असम |
0 |
500 |
687 |
687 |
868 |
868 |
|
4 |
बिहार |
0 |
0 |
2000 |
2000 |
2000 |
0 |
|
5 |
छत्तीसगढ़ |
600 |
600 |
5896 |
511 |
4585 |
0 |
|
6 |
गोवा |
0 |
0 |
0 |
0 |
25 |
0 |
|
7 |
गुजरात |
0 |
0 |
0 |
0 |
43 |
0 |
|
8 |
हरियाणा |
0 |
0 |
1363 |
0 |
0 |
22 |
|
9 |
हिमाचल प्रदेश |
0 |
0 |
0 |
0 |
75 |
0 |
|
10 |
जम्मू एवं कश्मीर |
1000 |
0 |
0 |
426 |
0 |
0 |
|
11 |
झारखंड |
0 |
0 |
2066 |
0 |
0 |
0 |
|
12 |
कर्नाटक |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
|
13 |
केरल |
0 |
0 |
0 |
0 |
200 |
200 |
|
14 |
मध्य प्रदेश |
0 |
0 |
289 |
289 |
0 |
0 |
|
15 |
महाराष्ट्र |
0 |
0 |
945 |
856 |
680 |
0 |
|
16 |
मणिपुर |
0 |
60 |
81 |
0 |
0 |
0 |
|
17 |
मेघालय |
500 |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
|
18 |
मिजोरम |
0 |
0 |
0 |
14 |
0 |
140 |
|
19 |
नागालैंड |
0 |
50 |
151 |
98 |
344 |
0 |
|
20 |
ओडिशा |
50 |
50 |
100 |
0 |
200 |
200 |
|
21 |
पंजाब |
0 |
0 |
8334 |
300 |
4000 |
0 |
|
22 |
राजस्थान |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
|
23 |
सिक्किम |
50 |
0 |
0 |
0 |
0 |
50 |
|
24 |
तमिलनाडु |
0 |
0 |
1594 |
0 |
0 |
0 |
|
25 |
तेलंगाना |
0 |
0 |
1640 |
0 |
1834 |
1834 |
|
26 |
त्रिपुरा |
0 |
0 |
0 |
475 |
18 |
0 |
|
27 |
उत्तर प्रदेश |
0 |
3145 |
0 |
0 |
0 |
0 |
|
28 |
उत्तराखंड |
500 |
0 |
3760 |
508 |
3000 |
493 |
|
29 |
पश्चिम बंगाल |
0 |
0 |
112 |
112 |
1600 |
0 |
|
संघराज्य |
|||||||
|
30 |
अंडमान और निकोबारद्वीप समूह |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
|
31 |
दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव |
0 |
0 |
4 |
0 |
0 |
0 |
|
32 |
लक्षद्वीप |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
|
33 |
लद्दाख |
60 |
0 |
4 |
60 |
0 |
0 |
|
34 |
पुदुच्चेरी |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
0 |
|
कुल |
2760 |
4605 |
30848 |
7436 |
19472 |
4543 |
|
यह जानकारी केंद्रीय मंत्री श्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने 25 मार्च 2026 को राज्यसभा में एक लिखित उत्तर में दी।
***
AA
(रिलीज़ आईडी: 2244929) आगंतुक पटल : 6
