
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय

पहाड़ी क्षेत्रों में MSME को बढ़ावा देकर रोजगार और पलायन रोकने पर केंद्रीय मंत्री श्री जीतन राम मांझी का जोर
स्थानीय संसाधनों के वैज्ञानिक प्रसंस्करण, मूल्यवर्धन और निर्यात की संभावनाएं तलाशने के निर्देश
प्रविष्टि तिथि: 25 AUG 2026 4:40PM by PIB Delhi
केंद्रीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) मंत्री श्री जीतन राम मांझी ने आज देहरादून में खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग (KVIC), कोयर बोर्ड तथा MSME मंत्रालय के अधिकारियों के साथ विभागीय कार्यों की समीक्षा की। समीक्षा के दौरान उन्होंने पहाड़ी क्षेत्रों में MSME गतिविधियों को बढ़ावा देने, स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर सृजित करने तथा केंद्र सरकार की योजनाओं का लाभ दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचाने पर विशेष जोर दिया। केंद्रीय मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे नियमित रूप से पहाड़ी क्षेत्रों का दौरा करें और स्थानीय लोगों के साथ सीधे संवाद स्थापित कर उन्हें MSME से जुड़ी योजनाओं, प्रशिक्षण तथा स्वरोजगार के अवसरों की जानकारी दें। उन्होंने कहा कि पहाड़ी क्षेत्रों की भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए वहां बड़े उद्योग स्थापित करना चुनौतीपूर्ण है। ऐसे में MSME स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने, रोजगार के अवसर बढ़ाने और पलायन रोकने का प्रभावी माध्यम बन सकते हैं।

श्री मांझी ने स्थानीय संसाधनों, पारंपरिक उत्पादों और औषधीय महत्व वाले पौधों एवं उत्पादों की पहचान करने तथा उनके वैज्ञानिक प्रसंस्करण के माध्यम से मूल्यवर्धन और निर्यात की संभावनाएं तलाशने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि स्थानीय संसाधनों पर आधारित नए उद्यमों के विकास के साथ-साथ युवाओं को आवश्यक प्रशिक्षण देकर उन्हें उद्यमिता से जोड़ा जाए और उनके उत्पादों के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध कराने पर ध्यान दिया जाए।
केंद्रीय मंत्री ने पहाड़ी क्षेत्रों में प्रत्येक माह कम से कम दो जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने तत्काल प्रभाव से टिहरी गढ़वाल और पौड़ी गढ़वाल में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने को कहा। उन्होंने अधिकारियों को ऐसे क्षेत्रों की पहचान करने के निर्देश दिए जहां MSME गतिविधियों के माध्यम से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर विकसित किए जा सकते हैं। श्री मांझी ने कहा कि MSME मंत्रालय की योजनाओं का लाभ पहाड़ों के दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है। इसके लिए अधिकारियों को केवल कार्यालयों तक सीमित न रहकर जमीनी स्तर पर सक्रिय रूप से कार्य करना होगा।
केंद्रीय मंत्री ने अधिकारियों को कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने की सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि निर्धारित कार्यों को प्रभावी एवं समयबद्ध तरीके से पूरा करना अधिकारियों की जिम्मेदारी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यों में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की जा सकती है।
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Sunil Kumar Tiwari
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(रिलीज़ आईडी: 2303123) आगंतुक पटल : 26

