प्रधानमंत्री कार्यालय
प्रधानमंत्री ने उत्साह की शक्ति को दर्शाने वाला संस्कृत सुभाषितम् साझा किया
प्रविष्टि तिथि: 05 MAR 2026 9:40AM by PIB Delhi
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने सफलता अर्जित करने में उत्साह और दृढ़ संकल्प के महत्व को दर्शाने वाला संस्कृत का एक सुभाषितम् साझा किया है।
प्रधानमंत्री ने निम्नलिखित श्लोक साझा किया-
“उत्साहो बलवानार्य नास्त्युत्साहात् परं बलम्। सोत्साहस्यास्ति लोकेऽस्मिन् न किञ्चिदपि दुर्लभम्॥”
सुभाषितम् का अर्थ है कि उत्साह सबसे बड़ी शक्ति है। एक उत्साही व्यक्ति के लिए वास्तव में कुछ भी प्राप्त करना अंसभव नहीं है।
प्रधानमंत्री ने एक्स पर पोस्ट किया;
“उत्साहो बलवानार्य नास्त्युत्साहात् परं बलम्।
सोत्साहस्यास्ति लोकेऽस्मिन् न किञ्चिदपि दुर्लभम्॥”
उत्साहो बलवानार्य नास्त्युत्साहात् परं बलम्।
सोत्साहस्यास्ति लोकेऽस्मिन् न किञ्चिदपि दुर्लभम्॥ pic.twitter.com/cDOD6X1FX7
— Narendra Modi (@narendramodi) March 5, 2026
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