Russia-Ukraine Talks: अमेरिका की मध्यस्थता में रूस और यूक्रेन के बीच बातचीत का दूसरा दौर पूरा हो गया है. इस बातचीत में दोनों देशों ने बड़े पैमाने पर कैदियों की अदला-बदली पर सहमति जताई, लेकिन क्षेत्रीय व्यवस्था और युद्धविराम जैसे मुख्य मुद्दों पर कोई ठोस सफलता नहीं मिल पाई.
यूक्रेन के अनुसार, बातचीत पहले तीन देशों के बीच हुई और उसके बाद समूह स्तर पर चर्चा की गई. सिन्हुआ समाचार एजेंसी के अनुसार, यूक्रेन की राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा परिषद के सचिव रुस्तम उमेरोव ने कहा कि यूक्रेनी प्रतिनिधिमंडल ने सम्मानजनक और स्थायी शांति की मांग की, लेकिन उन्होंने किसी खास नतीजे का खुलासा नहीं किया.
युद्धविराम के मुद्दे पर मतभेद बरकरार
गुरुवार को बातचीत खत्म हुई, लेकिन रूस और यूक्रेन की ओर से कोई संयुक्त राजनीतिक या सुरक्षा बयान जारी नहीं किया गया. इससे साफ है कि दोनों देशों के बीच जमीन के विवाद, युद्धविराम और सुरक्षा की गारंटी जैसे मुद्दों पर मतभेद अब भी बने हुए हैं. अमेरिका के राष्ट्रपति के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ ने बताया कि अमेरिका, रूस और यूक्रेन के प्रतिनिधि कैदियों की अदला-बदली पर सहमत हो गए हैं. उन्होंने बातचीत को ठोस और सकारात्मक बताया, लेकिन यह भी कहा कि पूरे विवाद का समाधान निकालने के लिए अभी और प्रयास करने होंगे.
After their second round of peace talks, Russia and Ukraine have exchanged 157 prisoners of war each, according to the Russian defense ministry https://t.co/sy7AKpvEX3 pic.twitter.com/s4Y31Maohw
— Reuters (@Reuters) February 5, 2026
बातचीत के बाद रूस और यूक्रेन ने लगभग पांच महीने बाद पहली बार बड़े पैमाने पर कैदियों की अदला-बदली की. दोनों देशों ने 157-157 लोगों को रिहा किया. यूक्रेनी राष्ट्रपति वलोडिमिर जेलेंस्की ने कहा कि रिहा किए गए लोगों में सैन्यकर्मी और नागरिक दोनों शामिल थे.
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इससे पहले संयुक्त अरब अमीरात के विदेश मंत्रालय ने रूस और यूक्रेन के बीच कैदी अदला-बदली का स्वागत किया था. मंत्रालय ने कहा कि इससे संकट कम करने और बातचीत को आगे बढ़ाने में यूएई की मध्यस्थता की भूमिका साबित होती है. संयुक्त अरब अमीरात ने खुद को भरोसेमंद मध्यस्थ बताया है.
फिलहाल बातचीत के अगले दौर की कोई तारीख या योजना घोषित नहीं की गई है, जिससे यह साफ है कि राजनीतिक समाधान को लेकर अभी भी अनिश्चितता बनी हुई है. हालांकि, राष्ट्रपति जेलेंस्की ने गुरुवार को कहा कि अमेरिका और रूस के प्रतिनिधियों के साथ अगली शांति वार्ता जल्द होगी. उन्होंने अपने संबोधन में बताया कि आने वाले समय में और बैठकें होंगी, जिनका आयोजन संभवतः अमेरिका में किया जाएगा.
