Bangladesh elections: बांग्लादेश में दस दिन बाद आम चुनाव होगा. जिसमें बांग्लादेश के लाखों युवा वोटर, अपनी पसंदीदा सरकार चुनेंगे. इस बीच जमात ए इस्लामी के चीफ के उस बयान की चर्चा हो रही थी, जिसमें उन्होंने कामकाजी महिलाओं की तुलना एक प्रॉस्टीट्यू से करते हुए बड़ा बयान दिया था. डिलीट हो चुकी पोस्ट में रहमान ने लिखा, ‘आधुनिकता के नाम पर महिलाओं को सार्वजनिक जीवन में धकेलने यानी उन्हे काम करने के लिए मजबूर करने से उनका शोषण होता है, जिससे समाज में नैतिक गिरावट होती है, जैसे प्रॉस्टिट्यूट…’
पोस्ट डिलीट-स्क्रीन शॉट वायरल
हालांकि ये फूहड़, असंवेदनशील और महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंचाने वाली पोस्ट बवाल कटते ही डिलीट कर दी गई. इस तरह बांग्लादेश के जमात-ए-इस्लामी चीफ शफीकुर रहमान ने अपनी विवादित सोशल मीडिया पोस्ट डिलीट करके पल्ला झाड़ लिया और उनकी पार्टी अपने आका के फंसने पर उनके अकाउंट को हैक होना बताने लगी. पोस्ट डिलीट होने के पहले ही उसके लाखों स्क्रीनशॉट्स तेजी से वायरल हुए, जिनमें बांग्लादेश की जनता ने वर्किंग वूमन यानी कामकाजी महिलाओं की तुलना वेश्याओं से करने वाली एक्स पोस्ट पर तबीयत से जमात चीफ की इज्जत का फालूदा निकालते हुए धुलाई कर दी.
जमात चीफ रहमान की सफाई
गलत बयान बैकफायर होने पर सकते में आए रहमान ने कहा, ‘वायरल पोस्ट झूठी और गुमराह करने वाली थी और वह पोस्ट उनके या उनकी पार्टी के विचारों को नहीं दिखाती. X पर शेयर की गई नई पोस्ट में जारी बयान में रहमान ने लिखा- ‘यह कंटेंट जमात-ए-इस्लामी की स्थिति को गलत तरीके से दिखाने के लिए फैलाया जा रहा था. हमारा मैनिफेस्टो साफ है. हम चाहते हैं कि महिलाएं शिक्षा, हेल्थकेयर, एडमिनिस्ट्रेशन, एंटरप्रेन्योरशिप और पब्लिक सर्विस में एक्टिव और सम्मानित हों. 3 फरवरी को, मैं मैनिफेस्टो लॉन्च करूंगा. जो बांग्लादेश महिलाओं का सम्मान करता है, वह आगे बढ़ने वाला बांग्लादेश है.’
‘जमात का दावा अकाउंट हैक हुआ’
लगातार विरोध प्रदर्शन में मिट्टी पलीद होते देख, जमात-ए-इस्लामी ने कहा, ‘रहमान का X अकाउंट हैक हो गया था’. पार्टी के असिस्टेंट सेक्रेटरी जनरल और मीडिया प्रमुख एडवोकेट अहसानुल महबूब जुबैर ने दावा किया कि साइबर अटैकर्स ने कुछ समय के लिए अकाउंट पर कंट्रोल कर लिया था. पोस्ट रहमान के विचारों या पार्टी की स्थिति को नहीं दिखाती है. अकाउंट हैक होने के बाद की हुई पोस्ट झूठी और हास्यास्पद है. जुबैर ने कहा कि पार्टी की साइबर सेल ने कुछ ही समय में अकाउंट पर फिर से कंट्रोल लेते हुए उसे हैकरों से छुड़ा लिया.
जमात ने याद दिलाया कानून
पार्टी ने चेतावनी दी कि गलत जानकारी फैलाना, पहचान की जालसाजी करना और गलत कंटेंट शेयर करना कानून के खिलाफ है. जनता और मीडिया से अपील है की कि वे केवल ऑफिशियल सोर्स से ही जानकारी वेरिफाई करें. गलत जानकारी फैलाना और गलत कंटेंट बनाना और उसे फैलाना, कानून के तहत सजा के लायक है और नैतिक रूप से गलत है. ऐसी गतिविधियां डेमोक्रेटिक माहौल को नुकसान पहुंचाती हैं.
