India vs Pakistan T20 World Cup: दो मैच में दो जीत और ग्रुप में पहला स्थान. भारत के लिए टी20 वर्ल्ड कप में इससे परफेक्ट शुरुआत नहीं हो सकती थी. उसने अमेरिका और नीदरलैंड के खिलाफ जीत हासिल की और सुपर-8 की ओर अपने कदम को आगे बढ़ा दिए हैं. कागजों पर भारत का टी20 वर्ल्ड कप 2026 में वैसे ही आगे बढ़ रहा है, जैसा डिफेंडिंग चैंपियन के बारे में हर किसी ने सोचा था. हालांकि, दो जीतों में गहराई से झांकने पर एक ऐसी कमी निकलकर सामने आई है जिसने सिर्फ फैंस को ही नहीं बल्कि सूर्यकुमार यादव और उनके साथियों को भी परेशान कर दिया है.
पाकिस्तान से महामुकाबला
भारत का अगला मुकाबला किसी जंग से कम नहीं होने वाला है. तनाव वाले माहौल में टीम इंडिया कोलंबो के आर प्रेमदासा स्टेडियम में रविवार (15 फरवरी) को चीर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान का सामना करने वाली है. इस मैच में सबकुछ दांव पर होगा और दोनों ही टीमें हार स्वीकार नहीं करना चाहेंगी. पाकिस्तान के खिलाफ होने वाले मैच को देखते हुए एक बड़ी कमी को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है.
टीम इंडिया की कमजोरी
अभी तक टूर्नामेंट में ज्यादातर समय टीम इंडिया जबरदस्त दिखी है. हर विभाग में मैच जिताने वाले खिलाड़ियों के साथ एक मजबूत टीम है. बैटिंग में गहराई, बॉलिंग में विविधता, ऑलराउंडर जो बैट और बॉल दोनों से छह या सात ऑप्शन देते हैं. भारत के पास सबकुछ होने के बाद एक कमी ने सबको परेशन कर दिया और वह स्पिन के खिलाफ जल्दी समर्पण कर देना है.
अमेरिका-नामीबिया ने खोली पोल
वानखेड़े स्टेडियम में अब तक टूर्नामेंट की सबसे स्पिन-फ्रेंडली सतह रही है. वहां भारत के बल्लेबाजों को बहुत मेहनत करनी पड़ी. दिल्ली में नामीबिया के खिलाफ यह परेशानी और भी ज्यादा दिखी. अमेरिका के स्पिनरों ने तीन और नामीबिया के स्पिनरों पांच विकेट लिए. नामीबिया के कप्तान गेरहार्ड इरास्मस अपने अनोखे तरीके और पेस में हल्के बदलावों के साथ खतरनाक दिखे. उन्होंने भारतीय बल्लेबाजों की लय बिगाड़ दी. उन्होंने उन्हें ऐसे पैटर्न में डाल दिया जिनका अंदाजा लगाया जा सकता था. भारत जीत गया, लेकिन दो मैचों में स्पिनरों के खिलाफ अपेक्षाकृत कमजोर प्रदर्शन ने सबको परेशान कर दिया.
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नामीबिया के खिलाफ भारत का प्रदर्शन
तेज गेंदबाजों के खिलाफ: 12 ओवर में 147 रन, 2 विकेट. इकोनॉमी रेट: 12.25, डॉट्स: 17.
स्पिनरों के खिलाफ: 8 ओवर में 61 रन, 5 विकेट. इकोनॉमी रेट: 7.62, डॉट्स: 22.
पाकिस्तान की स्पिन चौकड़ी लेगी परीक्षा
अगर पाकिस्तान के खिलाफ टीम इंडिया इसी तरह का प्रदर्शन करती है काफी मुश्किलें बढ़ जाएंगी. उसके पास गेरार्ड इरास्मस से बहुत बेहतर चार स्पिन गेंदबाज हैं. कोलंबो की पिच पर स्पिनरों को काफी मदद मिलती है और ऐसे में मुकाबला काफी कठिन होने वाला है. पाकिस्तान के पास अबरार अहमद, शादाब खान, मोहम्मद नवाज और उस्मान तारिक हैं. ये चार मुख्य स्पिनर हैं. इस चौकड़ी ने पाकिस्तान को पिछले मैच में अमेरिका के खिलाफ जीत दिलाई. इनके अलावा पांचवें स्पिनर सैम अयूब हैं.
उस्मान तारिक सबसे बड़ा खतरा?
स्पिनर का यही खतरा भारत पर मंडरा रहा है. नामीबिया ने तो सिर्फ सवाल पूछे हैं, लेकिन पाकिस्तान के स्पिनर्स जवाब मांगेंगे और उन्हें माकूल जवाब देने के लिए भारत को नई रणनीति के साथ उतरना होगा. भारत ने पहले भी नवाज, अबरार और शादाब को बेहतर तरीके से खेला है. हालांकि, इस तिकड़ी में उस्मान तारिक के जुड़ने से मामला पेचीदा हो सकता है. तारिक का साइड-आर्म एक्शन और रुककर बॉल फेंकना बल्लेबाजों के लिए परेशानी का सबब बन चुका है. अब देखना है कि टीम इंडिया इन पांचों का सामना किस तरह करती है. साथ ही यह भी देखना है कि तारिक ने कमजोर टीमों के खिलाफ तो अच्छा प्रदर्शन किया है, लेकिन भारत जैसी मजबूत टीमों के खिलाफ उनकी भी परीक्षा होगी.
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अश्विन ने भी जताई चिंता
भारत के पूर्व स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने भी इस मुद्दे पर चिंता जताई है. उन्होंने नामीबिया के खिलाफ मैच के बाद अपने यूट्यूब चैनल ‘ऐश की बात’ पर कहा, ”मैं नामीबिया की तारीफ करना चाहता हूं कि उन्होंने भारत को 210 रन पर रोक दिया. यह एक बहुत बड़ी कामयाबी थी. उन्हें पूरे साल ज्यादा एक्सपोजर नहीं मिलता. हम नामीबिया की गलती नहीं निकाल सकते, लेकिन यह भारत के लिए एक और मैच प्रैक्टिस थी. लेकिन गेरहार्ड इरास्मस ने जो स्किल दिखाई, उससे भारत सावधान रहेगा. पाकिस्तान के खिलाफ हमें चार स्पिनर खिलाने होंगे. इसलिए मेरी सबसे बड़ी चिंता यह है कि वे इन पाकिस्तानी स्पिनरों को कैसे खेलेंगे. इस बारे में अब मेरे मन में कुछ शक हैं. भारत को स्पिन के खिलाफ थोड़ी परेशानी हुई. स्पिनरों को कैसे हैंडल करना है, इस पर कुछ सोचना होगा. प्रेमदासा एक बड़ा स्टेडियम है और उन्हें एक और दो रन लेने होंगे, जरूरी नहीं कि वह छक्के मारने वाला मैदान हो.”
