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Jaipur/New Delhi: इस साल का पहला सूर्यग्रहण (Solar Eclipse) 10 जून को होगा. ये पिछले महीने 26 मई को हुए चंद्रग्रहण (lunar eclipse) के बाद 15 दिन बाद साल का दूसरा ग्रहण होगा. 10 जून को होना वाला सूर्य ग्रहण भारतीय पंचांग के अनुसार ज्येष्ठ मास की अमावस्या तिथि को लगेगा लेकिन यह देश में नहीं दिखेगा. इसलिए सूतक भी नहीं रहेगा. 

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पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान जयपुर के निदेशक ज्योतिषाचार्य अनीष व्यास (Anish Vyas) ने बताया कि खास बात यह है कि इस दिन वट सावित्री व्रत और शनि जयंती भी है. यह कंकणाकृति सूर्यग्रहण होगा. सूर्य, चंद्र और धरती जब एक सीध में होते हैं या चंद्र के ठीक राहु और केतु बिंदु पर ना होकर ऊंचे या नीचे होते हैं, तब खंड ग्रहण होता और जब चंद्रमा दूर होते हैं, तब उसकी परछाई पृथ्वी पर नहीं पड़ती और बिंब छोटे दिखाई देते हैं. 

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उसके बिम्ब के छोटे होने से सूर्य का मध्यम भाग ढक जाता है, जिससे चारों और कंकणाकार सूर्य प्रकाश दिखाई पड़ता है. यह सूर्य ग्रहण केवल खगोलीय नजरिये से खास रहेगा. 10 जून को दोपहर एक बजकर 42 मिनट से सूर्य ग्रहण लगेगा जो कि शाम 6 बजकर 41 मिनट पर खत्म होगा. यह एशिया, यूरोप, उत्तरी कनाडा, उत्तरी अमेरिका, ग्रीनलैंड और रूस में दिखाई देगा. यह ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा. 

सूतक काल भी नहीं होगा मान्य 
ज्योतिषाचार्य अनीष व्यास ने बताया कि इस साल दो सूर्य ग्रहण लगेंगे. दस जून के बाद दूसरा सूर्य ग्रहण चार दिसंबर को लगेगा. यह पूर्ण सूर्य ग्रहण होगा. जो सूर्य ग्रहण चार दिसंबर को लगेगा उसका असर भी भारत में दिखाई नहीं देगा लेकिन अमेरिका, दक्षिण अफ्रीका, ऑस्ट्रेलिया और अटलांटिका में इसका असर दिखाई देगा. भारत में सूर्य ग्रहण नहीं दिखने की वजह से सूतक काल भी मान्य नहीं होगा. पिछले साल भी ऐसी स्थिति बनी थी जब पंद्रह दिनों में दो ग्रहण लगे थे. इस सूर्यग्रहण को खंडग्रास, रिंग फिंगर और वलयाकार सूर्य ग्रहण भी कहा जा रहा है. भारत में दिखाई न देने के कारण ग्रहण का सूतक काल मान्य नहीं होगा.  

भारत में नहीं दिखेगा सूर्यग्रहण
विश्वविख्यात भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास ने बताया कि भारतीय समयानुसार ग्रहण दोपहर 1:43 मिनट पर शुरू होगा. दोपहर 3:25 मिनट पर कंकणाकृति आरंभ होकर 4:59 मिनट तक रहेगी. ग्रहण का मध्य 4 बजकर 12 मिनट पर होगा. समाप्ति शाम 6:41 मिनट पर होगी. अधिकतम 3 मिनट 48 सेकंड के दौरान कंकणाकृति दृश्यमान रहेगी. साल का पहला सूर्य ग्रहण अमेरिका के उत्तरी भाग, यूरोप, एशिया में भी आंशिक सूर्य ग्रहण होगा. जबकि उत्तरी कनाड़ा, ग्रीनलैंड और रूस में पूर्ण सूर्य ग्रहण होगा.

अत्यधिक प्रभाव वृषभ राशि पर दिखेगा
विख्यात कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास ने बताया कि इस सूर्य ग्रहण का सबसे अधिक प्रभाव वृषभ राशि पर दिखाई देगा क्योंकि सूर्य ग्रहण इस राशि में ही लगने वाला है, इसलिए इस राशि के जातकों को अपनी सेहत का विशेष ध्यान रखना होगा. इसके अलावा धन के मामले में भी सतर्क रहना होगा. इस दौरान नक्षत्र मृगशिरा रहेगा, इसलिए ऐसे जातक जिनका जन्म वृषभ राशि में मृगशिरा नक्षत्र में हुआ है, उन्हें विशेष सावधानी रखनी चाहिए. 10 जून को वृषभ राशि के अतिरिक्त अन्य राशियों में ग्रहों की स्थिति ऐसी रहेगी.

10 जून को ग्रहों की ऐसी रहेगी स्थिति
सूर्य, बुध, राहु और चंद्रमा – वृषभ राशि
शुक्र – मिथुन राशि
मंगल – कर्क राशि
केतु – वृश्चिक राशि  
शनि – मकर राशि
गुरु – कुंभ राशि

देख सकेंगे रिंग ऑफ फॉयर
विख्यात भविष्यवक्ता अनीष व्यास ने बताया कि इस खगोलीय घटना को एक घंटे तक देखा जा सकेगा. सूर्य ग्रहण के दौरान चंद्रमा सूर्य की रोशनी को रोकता है, जिसके कारण पृथ्वी पर एक साया-सा उभरता है. इस दौरान सूर्य की रोशनी वलयाकार दिखती है, जो देखने में किसी रिंग के समान नजर आती है क्योंकि चंद्रमा सूर्य के सिर्फ मध्य भाग को ही अपनी छाया ले पाता है. जैसे ही चंद्रमा, सूर्य के केंद्र बिंदु को कवर करता है, किनारों से रोशनी निकलती है, जो रिंग के आकार में होती है. इसी को रिंग ऑफ फायर कहा जाता है.

ग्रहण का प्रभाव
विश्वविख्यात भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास ने बताया कि इस ग्रहण का देश की राजनीति पर भी असर होगा. राजनीति में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा. पूरे विश्व में राजनीतिक अस्थिरता यानि राजनीतिक माहौल उच्च होगा. न्याय व्यवस्था में भी सच्चाई सामने लाई जाएगी. ग्रहण पुलिस विभाग पर भारी जाएगा. खाने पीने की चीजें महंगी हो जाएगी. रोजगार के क्षेत्रों में वृद्धि होगी. आय में बढ़ोतरी होगी. देश की अर्थव्यवस्था के लिए शुभ रहेगा. व्यापार में तेजी रहेगी. सोने चांदी के भाव में वृद्धि होगी. कोरोना महामारी संक्रमण से लोगों को निजात मिलना आरंभ हो जाएगा. कोरोना महामारी के इलाज में सफलता प्राप्त होगी. मौसम बदलेगा और बारिश भी अच्छी होगी. लोगों के लिए समय अच्छा रहेगा. प्राकृतिक आपदा के साथ होने की संभावना.  

विश्वविख्यात भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास से जानते हैं सूर्य ग्रहण का सभी 12 राशियों पर प्रभाव-

मेष राशि: इस राशि के जातकों को सावधान रहने की जरूरत है. बिल्कुल भी क्रोध न करें. धन का गलत प्रयोग हानि पहुंचा सकता है. गलत कदमों से बदनामी का भी खतरा है.

वृषभ राशि: अपनी ऊर्जा को सही और सकारात्मक दिशा में उपयोग करने का प्रयास करेंगे तो किया गया कार्य भी सफल होगा. राहु वृष राशि में गोचर कर रहा है, इसलि सूर्य ग्रहण के दौरान विशेष सावधान रहने की जरूरत है. सेहत का विशेष ख्याल रखें. सूर्य ग्रहण इस राशि में ही लगने वाला है.

मिथुन राशि: गलत संगति में पड़ने पर हानि उठानी पड़ सकती है. गलत कार्यों से दूरी बनाकर रखें तो फायदे में रहेंगे. अचानक लाभ या हानि की स्थिति निर्मित हो सकती है. धन के व्यय में भी सावधानी बरते. संबंधों को बेहतर बनाए रखने का प्रयास करें.

कर्क राशि: मन को हमेशा शांत रखने की कोशिश करें. मधुर वाणी से ही कई विपत्तियों को दूर किया जा सकता है. विवाद की स्थिति में धैर्य बनाकर रखें. अपने दुश्मनों के प्रति हमेशा सतर्क रहें.

सिंह राशि: गरीबों की मदद करने का प्रयास करें. किसी का भी अहित करने का विचार मुसीबत में डाल सकता है. प्रेम और विनम्रता की स्थिति अचानक भी दिला सकती है. धार्मिक कार्यों में रूचि बढ़ सकती है.

कन्या राशि: इस राशि के जातकों को अपनी सेहत को लेकर सावधान रहने की जरूर है. कर्ज लेने और देने की स्थिति से परहेज करना चाहिए, इस कारण से विवाद की स्थिति निर्मित हो सकती है. परिवार के सदस्यों से संबंधों को मजबूत और मधुर बनाने का प्रयास करें. पारिवारिक प्रेम से हर दुविधा दूर होगी.

तुला राशि: किसी भी विपत्ति की स्थिति में जल्दबाजी में कोई निर्णय न लें. अपने जीवन साथी की भावनाओं का ख्याल रखें. तनाव और कलह की स्थिति दूर रहने करने की कोशिश करें. गरीब और जरूरतमंद लोगों की मदद करने पर सूर्य ग्रहण के दुष्प्रभावों को दूर कर सकते हैं.

वृश्चिक राशि: मन में हमेशा सकारात्मक विचार लाए. नकारात्मक विचार नुकसान पहुंचा सकते हैं. किसी का अपमान न करें और वाणी में मधुरता लेकर आएं. अपनी संतान के स्वास्थ्य को लेकर चिंता हो सकती है, लेकिन इस स्थिति में संयम बरते. अपने परिवार के सदस्यों की सेहत का ध्यान रखें. स्वच्छता के नियमों का सख्ती से पालन करें.

धनु राशि: ज्ञान और शिक्षा के अर्जन से शुभ फल पाया जा सकता है. विद्यार्थियों को कठिन परिश्रम करना होगा. धन की बचत करें, भविष्य की स्थिति को ध्यान में रखते हुए निवेश करने का विचार करें. मेहनत का फल अवश्य मिलेगा.

मकर राशि: मकर राशि वालों में शनि ग्रह वक्री होकर गोचर कर रहे हैं, इस कारण से सेहत का विशेष ख्याल रखें. लोगों का सम्मान करें और निर्णय लेने से पहले सभी पहलूओं पर विचार अवश्य करें.

कुंभ राशि: क्रोध और अहंकार पर काबू रखें अन्यथा दुश्मन आपको हानि पहुंचा सकते हैं. अपनी योजनाओं को लेकर सतर्कता बरतें. अपने माता-पिता की ज्यादा से ज्यादा सेवा करें. अपने मन में नकारात्मक विचार न आनें दें, अन्यथा विपत्ति के दौरान कमजोर होंगे.

मीन राशि: आपके साहस में वृद्धि होगी. कोई भी बड़ा फैसला लेने से पहले परिवार के बुजुर्गों से परामर्श अवश्य करें. साथ ही विषय विशेषज्ञ की भी सलाह जरूर लें. गलत फैसले भी हो सकते है, इसलिए सावधान रखने प्रयास करें. अपने जीवन साथी की सेहत का ध्यान रखें.