
Patna: पटना में पेट्रोल 100 रुपए पहुंच चुका है. वहीं अगर डीजल की कीमत भी 90 पार हो चुकी हैं. एक ओर कोरोना की वजह से लॉकडाउन झेल रहे लोगों का रोजी-रोजगार बंद होने से पहले से ही परेशान है. साथ ही, पेट्रोल-डीजल की कीमतों में लगातार इजाफा से महंगाई ने आम आदमी की कमर तोड़ दी है.
इस तरीके से पेट्रोल-डीजल के दाम में इजाफा हो रहा है. इसका असर लोगों के सामने आ रहा है. खासतौर पर डीजल की बढ़ी कीमतों का असर रोजमर्रा की खरीददारी पर पड़ा है क्योकि ज्यादातर मालवाहक गाड़ियां डीजल से चलती हैं. लिहाजा डीजल की बढ़ी कीमतों का असर लोगों की जेब पर बेतहाशा महंगाई के तौर पर देखने को मिल रहा है.
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वहीं, लोगों का साफ तौर पर कहना है कि पेट्रोल-डीजल की कीमतों ने उनकी कमर तोड़ दी है. लिहाजा आम आदमी की जेब खाली हो गई है. भले ही बढ़ती महंगाई से आम आदमी का दम निकल रहा हो. लेकिन पेट्रोल-डीजल की कीमतों ने सत्ता और विपक्ष को राजनीतिक आरोप -प्रत्यारोप का मौका जरूर दे दिया है.
कांग्रेस नेता राजेश राठौर (Rajesh Rathore) ने कहा कि ‘पीएम बनने से पहले देश के पीएम पेट्रोल -डीजल की कीमतों को लेकर आंसू बहाते थे. लेकिन आज देश की जनता बेहाल है और पीएम मौन साधे हुए हैं. साथ ही उन्होंने पीएम (PM Narendra Modi) से इस्तीफा की मांग की है.’ तो वहीं, कांग्रेस की सहयोगी राजद ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि ‘बीजेपी की सरकार जब-जब सत्ता में आती है. साथ में महंगाई लाती है. पेट्रोल-डीजल की आसमान छूती कीमतों से आम आदमी हताश है और केंद्र सरकार सिर्फ पूंजीपतियों का खजाना भरने में लगी हुई है.’
पेट्रोल-डीजल की आसमान छूती कीमतों को लेकर बीजेपी की सहयोगी जेडीयू (JDU) ने भी केंद्र सरकार को नसीहत दी है. जेडीयू नेता माधव आनंद (Madhav Anand) ने कहा है कि ‘एक तरफ तो लोग कोरोना की मार झेल रहे हैं. लॉकडाउन की वजह से लोगों की रोजी-रोजगार पर संकट आ चुका है. अब ऐसे में पेट्रोल-डीजल की बढ़ी कीमतों ने आम आदमी को और परेशान कर दिया है. साथ ही माधव ने केंद्र सरकार से आम आदमी को राहत देने की अपील करते हुए पेट्रोल-डीजल की कीमतों में कटौती की मांग की है.’
