
Jaipur: राज्य में खनन गतिविधियों से राज्य सरकार (State Government) का राजस्व बढ़ाने के लिए समन्वित कार्ययोजना तैयार की जा रही है. विभाग पुलिस-प्रशासन के सहयोग से अवैद्य खनन पर कारगर रोक के लिए योजनाबद्ध और समन्वित कदम उठाएगा.
यह भी पढ़ें- राजस्थान: अवैध बजरी खनन के खिलाफ बढ़ाया गया अभियान का दायरा, 13 जिलों में होगी कार्रवाई
अतिरिक्त मुख्य सचिव माइंस एवं पेट्रोलियम डॉ. सुबोध अग्रवाल (Subodh Agarwal) बुधवार को सचिवालय से माइंस विभाग के अधिकारियों से वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से रुबरु हुए.
यह भी पढ़ें- Jaipur News: अवैध खनन रोकने के लिए सख्त हुई Rajasthan Government, CS ने दिए निर्देश
उन्होंने बताया कि कोरोना की दूसरी लहर के बावजूद खान विभाग ने चालू वित वर्ष के शुरुआती दो माहों में रिकॉर्ड 614 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया है, जो सामान्य वर्ष 2019-20 के शुरुआती दो माहों से भी अधिक है. उन्होंने बताया कि अप्रैल-मई 2019 में 606 करोड़ 31 लाख रुपये और अप्रैल-मई 2020 में 252.86 करोड़ रुपये का ही राजस्व अर्जित किया था. उन्होंने बताया कि कोविड के बावजूद समन्वित प्रयासों से ही अधिक राजस्व अर्जन हो सका है. इसकी सराहना करते हुए उन्होंने अधिकारियों को बधाई भी दी.
अवैद्य खनन और निर्गमन बड़ी समस्या
डॉ. अग्रवाल ने कहा कि अवैद्य खनन और निर्गमन बड़ी समस्या है. बजरी की तीन लीज जारी कर दी गई है. इससे करीब 10 प्रतिशत मांग की पूर्ति हो सकेगी. अब इस तरह की रणनीति तय करनी होगी जिससे बजरी के अवैद्य खनन और निर्गमन को रोका जा सके.
अवैध खनन रोकने के लिए यह तरीका भी
एसीएस ने कहा कि राजस्व बढ़ाने और अवैद्य खनन गतिविधियों पर रोक के लिए अधिक से अधिक मेजर और माइनर ब्लॉक्स चिन्हित कर उनकी नीलामी की जाएगी. इससे वैध खनन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और राज्य सरकार को अधिक राजस्व प्राप्त होगा. अवैध खनन गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाने के लिए पिछले दिनों जब्तशुदा वाहनों, खनिज सामग्री, बजरी, उपकरण आदि को राज्य सरकार के पक्ष में अधिग्रहण करने के निर्देश जारी कर दिए हैं. इससे भी अवैद्य खनन पर शिकंजा कसेगा.
लागू योजनाओं में यह अब तक की सर्वाधिक वसूली
एसीएस डॉ. अग्रवाल ने बताया कि खनिज विभाग की एमनेस्टी योजना में 30 मार्च, 21 तक 2052 प्रकरणों का निस्तारण करते हुए रिकॉर्ड 44 करोड़ 5 लाख रुपये से अधिक की राशि वसूल की गई है. विभागीय बकाया व ब्याज माफी की समय-समय पर लागू योजनाओं में यह अब तक की सर्वाधिक वसूली है. उन्होंने कोरोना वैक्सीनेशन से शेष रहे कार्यालयों को भी समन्वय बनाते हुए स्वयं व परिवार के सदस्यों के वैक्सीनेशन कराने के निर्देश दिए.
निदेशक माइंस केबी पण्डया ने बताया कि राज्य में नीलामी के लिए मजर मिनरल के लगभग तैयार चार ब्लाकों की नीलामी की कार्रवाई एक सप्ताह में शुरु कर दी जाएगी. इसी तरह से नीलामी के लिए नए ब्लॉक तैयार करने व उनकी नीलामी के कार्य में तेजी लाई जा रही है.
