Malaysia seizes two oil tankers: मलेशियाई समुद्र के बीचों-बीच चल रहे एक विशाल अवैध तेल व्यापार का पर्दाफाश हुआ है. पेनांग के तट के पास मलेशियाई मैरीटाइम इन्फोर्समेंट एजेंसी ने एक हाई-वोल्टेज कार्रवाई करते हुए कच्चे तेल से लदे दो विशाल टैंकरों को रंगे हाथों धर दबोचा है. करीब 129.9 मिलियन डॉलर की कीमत का यह तेल एक जहाज से दूसरे जहाज में चोरी-छिपे ट्रांसफर किया जा रहा था. इस अंतरराष्ट्रीय गिरोह में चीनी, ईरानी और भारतीयों समेत 53 क्रू सदस्य शामिल थे.

गिरफ्तार हुए दोनों जहाज के कप्तान
इस मामले में दोनों जहाजों के कप्तान को गिरफ्तार कर लिया गया है. अब पेनांग राज्य के समुद्री जांच अधिकारी इस मामले की गहन जांच कर रहे हैं. अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई अवैध तेल ट्रांसफर की रोकथाम के लिए अहम कदम है.

जांच में पता चला कि दोनों जहाज आपस में जुड़े हुए थे. स्थानीय गश्ती नौका को गुरुवार को शिकायत मिली थी और लंगर डाले हुए टैंकरों का निरीक्षण किया गया. अधिकारियों को शुरू से ही शक था कि ये जहाज अवैध तेल के व्यापार में शामिल हैं. कप्तान मुहम्मद सफी मोहम्मद रामली ने बताया कि जांच के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि दोनों जहाज बिना अनुमति लंगर डाले हुए थे और अवैध गतिविधियों में मिले हुए थे.

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जहाजों पर लग गया है जुर्माना
मलेशियाई कानून के अनुसार बिना अनुमति टैंकरों पर लंगर डालने पर 100,000 रिंगिट का जुर्माना है. वहीं अवैध जहाज से जहाज तेल ट्रांसफर करने पर हर जहाज पर 200,000 रिंगिट का जुर्माना लगाया जा सकता है. यह कार्रवाई मलेशिया के समुद्री कानून के सख्त पालन के तहत की गई है. अधिकारियों का उद्देश्य समुद्री इलाके में तेल की अवैध ट्रांसफर गतिविधियों को रोकना है.

मलेशिया के समुद्री इलाके लंबे समय से अवैध तेल ट्रांसफर के लिए जाने जाते हैं. यहां टैंकरों के बीच तेल स्थानांतरित किया जाता है ताकि तेल के स्रोत को छुपाया जा सके. मलेशियाई अधिकारी जुलाई 2024 से समुद्री इलाकों में इस तरह की गतिविधियों के खिलाफ सख्त कदम उठा रहे हैं. इस बार की कार्रवाई से मलेशिया ने यह संदेश दिया है कि समुद्र में अवैध तेल व्यापार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.

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