
Zimbabwe T20 World Cup 2026: टी20 वर्ल्ड कप 2026 का रोमांच अपने चरम पर है. ग्रुप राउंड के बाद अब सुपर-8 की बारी है. 20 में से 12 टीमें टूर्नामेंट से बाहर हो चुकी हैं. उनमें ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम भी है. पिछले टी20 वर्ल्ड कप में सेमीफाइनल तक पहुंचने वाला देश भी ग्रुप राउंड से आगे नहीं बढ़ गया. टूर्नामेंट में हिस्सा लेने वाली 20 में से एक टीम ने सबको हैरान कर दिया. वह न्यूजीलैंड की तरह अंडरडॉग वाला काम कर रही है. हम बात कर रहे हैं सिकंदर रजा की कप्तानी वाली जिम्बाब्वे की टीम की.
ग्रुप राउंड में अजेय टीमें
जिम्बाब्वे टी20 वर्ल्ड कप में शामिल उन 4 टीमों में एक है, जो एक भी मैच नही हारी है. उसने श्रीलंका, ऑस्ट्रेलिया और आयरलैंड जैसी मजबूत टीम वाली ग्रुप में पहला स्थान हासिल किया. लंबे समय बाद किसी आईसीसी टूर्नामेंट में कुछ ऐसा हुआ है, जिसने सबको हैरान कर दिया. एक मैच में तो कई टीमों ने उलटफेर किया है, लेकिन जिम्बाब्वे ने एक मैच में नहीं बल्कि पूरे ग्रुप राउंड में तहलका मचाया है. जिम्बाब्वे के अलावा भारत, साउथ अफ्रीका और वेस्टइंडीज की टीम ग्रुप दौर में एक भी मैच नहीं हारी है.
जिम्बाब्वे का टी20 वर्ल्ड कप 2026 में प्रदर्शन
पहला मैच- ओमान को 8 विकेट से हराया
दूसरा मैच- ऑस्ट्रेलिया को 23 रन से हराया
तीसरा मैच- आयरलैंड के खिलाफ बारिश के कारण मैच रद्द
चौथा मैच- श्रीलंका को 6 विकेट से हराया.
भाग्य ने मारी पलटी
समय और भाग्य की सबसे अद्भुत बात यह है कि वे कभी स्थिर नहीं होते. ये लगातार बदलते रहते हैं. ठीक जब आपको लगता है कि सब कुछ खत्म हो गया है, तभी जादू अपना खेल दिखाता है और आपको ऐसे चौंका देता है जिसकी आपने कभी कल्पना भी नहीं की थी. जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा के साथ भी कुछ ऐसा हो रहा है. रजा के भाग्य ने ऐसी पलटी मारी है कि सभी हैरान हो गए हैं. उनके सितारे अचानक बुलंदियों पर हैं.
ये भी पढ़ें: T20 वर्ल्ड कप 2026 को छोड़िए… 2028 के लिए अभी ही तय हो गईं 12 टीमें, देख लें पूरी लिस्ट
जिम्बाब्वे हुआ था शर्मसार
2023 में सिकंदर रजा की कप्तानी में जिम्बाब्वे की टीम विंडहोक में युगांडा के खिलाफ पांच विकेट से हार गई थी. इस एक करारी हार के कारण रजा की टीम 2024 टी20 वर्ल्ड कप के लिए क्वालीफाई नहीं कर पाई थी. इसके बाद जिम्बाब्वे की किस्मत ने करवट ली और उसने टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए पहले अक्टूबर 2024 में सब-रिजनल क्वालीफायर में सेशेल्स, मोजाम्बिक, रवांडा, जाम्बिया और केन्या को हराया. इसके बाद सिकंदर रजी की टीम ने सितंबर-अक्टूबर 2025 में अफ्रीका रीजन फाइनल्स में युंगाडा, बोत्सवाना, तंजानिया, केन्या और नामीबिया को हराकर टी20 वर्ल्ड कप 2026 में अपना स्थान पक्का कर लिया.
ये भी पढ़ें: T20 World Cup: सुपर-8 से पहले वीरेंद्र सहवाग ने टीम इंडिया को दी वॉर्निंग, 1 गलती नहीं सुधारी तो टूट जाएगा सपना
27 महीने बाद आया सुनहरा दौर
जिम्बाब्वे का सुनहरा सफर यहीं नहीं रुका. उसने टूर्नामेंट के ग्रुप राउंड में दो पूर्व चैंपियन को परास्त किया. ऑस्ट्रेलिया 2021 और श्रीलंका 2014 में चैंपियन बना था. सिकंदर रजा की टीम ने दोनों को परास्त कर दिया. टी20 वर्ल्ड कप शुरू होने से कुछ महीने पहले ही रजा को एक बड़ा व्यक्तिगत दुख झेलना पड़ा, जब दिसंबर में उनके छोटे भाई का 13 वर्ष की आयु में निधन हो गया. अब जीवन ने उन्हें एक ऐसा खूबसूरत तोहफा दिया जिसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी. युगांडा के हाथों उस दर्दनाक हार के 27 महीने बाद रजा को अब जीत का जश्न मनाने का मौका मिला. अब टीम सुपर-8 में चौंकाने के लिए तैयार है. मौजूदा फॉर्म को देखते हुए अगर जिम्बाब्वे सेमीफाइनल तक का सफर तय कर ले तो हैरानी की बात नहीं होगी.

