
Garhwa: झारखंड सरकार के कृषि, पशुपालन व सहकारिता मंत्री बादल पत्रलेख (Minister Badal Patralekh) ने भाजपा सांसद बीडी राम (MP BD Ram) से गढ़वा और पलामू के किसानों की धान अधिप्राप्ति को लेकर हो रही उपेक्षा की जानकारी मांगी थी.
मंत्री बादल ने सांसद महोदय को जानकारी देते हुए बताया कि ‘केंद्र सरकार की एजेंसी भारतीय खाद्य निगम के द्वारा गढ़वा और पलामू से 6 लाख क्विंटल और 8 लाख क्विंटल धान अधिप्राप्ति करनी थी. लेकिन यहां गढ़वा में 53 फीसदी और पलामू में 62 फीसदी की धान अधिप्राप्ति ही की गई है.’
गढ़वा और पलामू जिले में किसानों से धान अधिप्राप्ति का काम भारतीय खाद निगम के द्वारा किया जाता है. इसकी रफ्तार काफी धीमी है. वहीं, मंत्री बादल ने कहा कि ‘झारखंड में 21 जिले ऐसे हैं जहां झारखंड राज्य खाद्य एवं असैनिक आपूर्ति निगम लिमिटेड के द्वारा धान लिए जाते हैं.
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इनके द्वारा अब तक 103 फीसदी से ज्यादा धान की अधिप्राप्ति कर ली गई है. लेकिन केंद्र सरकार की एजेंसी के द्वारा अब तक धान की अधिप्राप्ति में इतनी धीमी गति किसानों के लिए आहत करने वाली है.
राज्य सरकार के सचिव के द्वारा भारत सरकार के सचिव को पत्र लिखकर तय सीमा को बढ़ाने के लिए 6 मई को ही पत्र लिखा गया है कि ‘समय सीमा को 30 जून तक बढ़ाया जाए. इसके बावजूद भी अब तक केंद्र सरकार (Central Government) का कोई जवाब नहीं आया है.’
(इनपुट-चंदन कश्यप)
