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Tonk : राजस्थान के टोंक (Tonk News) के निवाई में सरकार के नए लॉकडाउन के आदेशों की परवाह प्रशासन को नहीं है. गहलोत सरकार ने त्रिस्तरीय जन अनुशासन लॉकडाउन लागू किया, लेकिन निवाई में सरकारी गाइडलाइन की धज्जियां उड़ाते हुए लोग नजर आ रहे हैं. सबसे बड़ी बात जिन पुलिसकर्मियों पर इस गाइडलाइन (Corona Guideline) की पालना कराने की जिम्मेदारी है वह खुद मौके पर मौजूद होने के बावजूद इस कोरोना काल (Corona) में इधर-उधर थूकते हुए नजर आ रहे हैं. 

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हालांकि पुलिस को इसकी जानकारी होगी कि थूकने पर भी चालान काटा जाता है. यह तस्वीर एक जगह की नहीं है ठीक इसी तरह की तस्वीर पूरे निवाई शहर में देखी जा सकती है. इन तस्वीरों को देखकर कहा जा सकता है कि एसडीएम और सीओ दोनों को ही सरकारी गाइडलाइन की परवाह नहीं है.

राज्य सरकार की ओर से धारा 144 लागू होने के बावजूद कस्बे में इसका पालन नहीं हो रहा है. पुलिस और प्रशासन जनता को रोकने में नाकाम साबित हो रहा है. पुलिसकर्मी कार्रवाई करते हैं, लेकिन दिखाने के लिए महज चालान काट कर विभागीय खानापूर्ति पूरी कर देते हैं. सुबह से ही निवाई फल सब्जी मंडी, अहिंसा सर्किल, झिलाई रोड सहित बाजार में खुले आम जनता की भीड़ देखी जा रही है. वहीं, पुलिस प्रशासन भी लगातार गश्त कर रहा है लोगों को समझा रहा है लेकिन लोग इसको गंभीरता से नहीं ले रहे हैं. जिसके चलते नियंत्रण में हुआ कोरोना एक बार फिर से निवाई में विस्फोट होने की आशंका बनी हुई है. इतना ही नहीं जनता ने 2 गज दूरी भूल चुकी है और कोरोना गाइडलाइन की जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही है. वहीं, पुलिस लॉक डाउन की खानापूर्ति कर रही है.

ग्रामीण इलाकों में फैल चुके कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए सरकार पूरी कोशिश कर रही है. वहीं, लापरवाह अधिकारियों को कोरोना संक्रमण के फैलने की कोई परवाह नहीं है. एक तरफ जिले की चिकित्सा व्यवस्था बेपटरी है. वैक्सीनेशन का गड़बड़झाला है. जिले में ऐसा एक भी अस्पताल नहीं है जहां ब्लैक फंगस का इलाज तो दूर जांच तक की व्यवस्था नहीं है. बच्चों में कोरोना पॉजिटिव के मामले छुपाए जा रहे हैं. ऐसे में इस तरह की तस्वीर निवाई शहर में सामने आना वाकई में कोरोना संक्रमण को निमंत्रण देना है.

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