What is Kim Jong Un afraid of: इन दिनों दुनियाभर की ख़बरें अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के इर्द-गिर्द घूमती हैं…कभी उनके बयान सुर्खियां बनते हैं…कभी उनके एक्शन से हड़कंप मचता है. कभी उनकी सनक विनाश का संकेत देती है. लेकिन डॉनल्ड ट्रंप के कैरेक्टर का एक फ़ैक्टर है डर. उनके नाम का डर भी असर करता है. अब देखिए ट्रंप बैठे हैं वॉशिंगटन डीसी में लेकिन उनके डर से हड़कंप मचा है, क़रीब 11000 किलोमीटर दूर नॉर्थ कोरिया में.

डॉनल्ड ट्रंप के डर ने ये सवाल पैदा किया है कि क्या तानाशाह वाकई डरपोक होता है? वो भी एक ऐसा तानाशाह जो बैलेस्टिक मिसाइल को खिलौना समझता है और परमाणु बम से खेलता है. बार-बार अमेरिका को एटम बम के दम पर धमकाने वाला सनकी तानाशाह किम जोंग डरा हुआ है. 

किस बात से डरा हुआ है तानाशाह किम जोंग?

Add Zee News as a Preferred Source

ऐसी ख़बरें मीडिया की सुर्खियों में क्यों हैं कि किम जोंग क्यों डरा है. इसी डर की वजह से किम ने फिर मिसाइल टेस्ट किया है. इस बार उसकी मिसाइल का मुंह अमेरिका के दोस्त की तरफ था. अब समझिए कि किम जोंग क्यों डरा. आपने पिछले महीने देखा था कि डॉनल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति को पत्नी समेत किडनैप कर लिया, वो भी प्रेसिडेंशियल पैलेस से. 

ट्रंप के इस एक्शन के बाद किम जोंग की नींद उड़ी है. उसे लग रहा है कि कहीं अमेरिका 11000 किमी दूर प्योंगयांग में भी तो ऐसा ऑपरेशन नहीं करने वाला. बस, इसी डर से किम जोंग ने किम जोंग ने दो ऐसे काम किए जिससे उसका डर बेपर्दा हो गया. सबसे पहले तो उसने अपनी सिक्योरिटी टीम के 3 गार्ड्स को हटा दिया. अब खबर है कि किम ने मिसाइल लॉन्चर टेस्ट कर ट्रंप को अपनी हनक दिखाने की कोशिश की है.

किम जोंग के दिल में दहशत का आलम यह है कि वह इन दिनों सो नहीं पा रहा. हर रात इसी सोच में डूबा रहता है, अचानक कच्ची नींद से उठकर बिस्तर पर बैठ जाता है. किम जोंग को आधी नींद में एक ख्याल परेशान किये हुए है कि पिछले टर्म में डॉनल्ड ट्रंप ने तो हाथ मिलाकर दोस्ती का पैगाम दिया था. लेकिन इस टर्म में इतने ऐग्रेसिव, जैसे दुनिया के हर तानाशाह को सत्ता से हटाकर मानेंगे.

ये दो चेहरे नहीं भूल पा रहा तानाशाह

ये ख्याल आते ही किम जोंग के सामने 2 चेहरे तत्काल घूम जाते हैं. पहला वेनेजुएला के राष्ट्रपति, बल्कि यू कहें, पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और दूसरा चेहरा ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला खामेनेई का. ट्रंप ने मादुरो को घर में घुसकर उठवा लिया. दूसरी तरफ खामेनेई की सैनिक घेराबंदी कर सीक्रेट बंकर में छिपने को मजबूर कर दिया. अगर ट्रंप की टेढ़ी नजर उत्तर कोरिया की तरफ मुड़ गई तो क्या होगा…?

किम जोंग उनका ये डर लाजिमी है, कि कहीं ट्रंप का मूड उखड़ा, उसके परमाणु कार्यक्रमों की फाइल खोली, तो उत्तर कोरिया में उसका बचना मुश्किल है. मादुरो की तरह ट्रंप उसे भी कब उठवा लें, इसका कोई ठिकाना नहीं. या फिर ईरान की तरह कब सैनिक घेराबंदी कर ट्रंप हथियार डालने की शर्त रख दें, इसका भी कोई अंदाजा नहीं. तो फिर बचने का क्या उपाय…?

तानाशाहों के बारे में दूसरी मान्यता भी आम है. कोई तानाशाह अगर डरता है, तो दो काम सबसे पहले करता है. पहला अपने को दुनिया के सामने लड़ाके की तरह पेश करता है और दूसरा अपना पूरा फोकस हथियारों का जखीरा जमा करने में जुट जाता है.  ट्रंप के आक्रामक मिलिट्री ऑपरेशनों से डरा किम जोंग इन दिनों यही करता दिख रहा है.

किम जोंग के डर की तस्दीक एक तस्वीर भी करती है, जिसमें वो अपनी छोटी बेटी किम जु ए के साथ दिखाई दे रहा है. किम जु ए अपने पिता की तरह रहस्यमयी सुरक्षा घेरे में रहती है. बाहरी दुनिया में इसके बारे में बेहद कम जानकारी है, लेकिन डर के साथ जी रहे पिता के साथ उसकी दूसरी तस्वीर बहुत कुछ कह जाती है.

यूएस के सीक्रेट हथियारों ने उड़ा रखी है नींद

इस तस्वीर में किम जोंग बुलेट प्रूफ ग्लास के पीछे बेटी के साथ बाहर कुछ देख रहा है. सामने टेबल पर एक दूरबीन रखी गई गई है और बाहर चार मिसाइलों का परीक्षण चल रहा है. 

यह तस्वीर उस वक्त की थी, जब किम जोंग ने 4 मिसाइलों के फौरन टेस्ट का ऑर्डर दिया. जनवरी में ये दूसरी बार था, जब उत्तर कोरिया ने एक के बाद एक परमाणु वारहेड वाली मिसाइलों का परीक्षण किया. परीक्षण के बाद किम जोंग को थोड़ा भरोसा हुआ. इसी जोश में उसने बैठक बुलाई और ऐलान कर दिया, ‘अब हमारा एक ही लक्ष्य है, परमाणु हथियार चलाने की क्षमता को चरम पर ले जाना. आप सभी का जोर इसी लक्ष्य को हासिल करने में लगना है.’

ईरान की हाइपरसोनिक मिसाइलें उड़ा न दें युद्धपोत? US में घबराहट, बचाव के लिए तैनात किया THAAD सिस्टम

एक डरा हुआ डिक्टेटर अपनी रक्षा के लिए कुछ भी कर सकता है. तो क्या ट्रंप के डर से किम जोंग उन भी उसी मोड में आ गया है. ट्रंप के डर से किम जोंग आखिर अपनी किस किस ताकत को आजमाएगा? परमाणु बम और इससे लैस बैलिस्टिक मिसाइलें तो वो कब का बनवा चुका है, लेकिन वेनेजुएला में जो हथियार अमेरिकी सेना ने इस्तेमाल किए, क्या उसकी काट है नॉर्थ कोरिया के पास? कहीं इसी बात से तो नहीं डरा हुआ है किम जोंग?

मादुरो की तरह उठाए जाने का खौफ!

ट्रंप इस वेपन का जिक्र जिस ऑपरेशन मादुरो के हवाले से किया है, उसके ब्योरा वेनेजुएला के सैनिकों के दावों से मिलता है, जिसमें उन्होंने कहा था- मादुरो की सुरक्षा में तैनात 500 से ज्यादा सैनिक और गार्डस अचानक ही बहेश हो गए. किसी ने अमेरिकी सैनिकों का मुकाबला तक नहीं किया. 

अगर किम इस तरह के अमेरिकी ऑपरेशन से डरा हुआ है, तो क्या पता उसे कोई खुफिया भनक लग गई हो, जिसमें ट्रंप किसी सीक्रेट प्लान पर काम कर रहे हों. ऐसा मुमकिन है, क्योंकि किम जोंग के काल में नॉर्थ कोरिया ने इतने परमाणु बम और इंटरकंटीनेंटल बेलिस्टिक मिसाइल बनाए हैं, जिसका घोषित तौर पर निशाना अमेरिका ही है. इस बात से खफा अमेरिका किम जोंग और पूरे मुल्क पर प्रतिबंध लगा चुका है. तो क्या अब किम जोंग को हाइजैक करने की बारी है…?