Pakistan Occupied Kashmir: जयपुर के कॉन्स्टिट्यूशनल क्लब में आयोजित हाई-टी प्रोग्राम में ब्रिटिश सांसद बॉब ब्लैकमैन ने भारत की एकता और जम्मू-कश्मीर के मुद्दे पर स्पष्ट रुख अपनाया. कार्यक्रम में ब्लैकमैन ने कहा कि उन्होंने भारत के आर्टिकल 370 हटाने के फैसले का समर्थन केवल हाल ही में नहीं किया, बल्कि यह विचार उन्होंने 1992 में ही व्यक्त किया था जब कश्मीरी पंडितों को उनकी पुश्तैनी जमीनों और घरों से बाहर किया गया था.
ब्लैकमैन ने कहा कि हमने उस समय एक बड़ी बैठक की थी ताकि दुनिया को बताया जा सके कि यह अन्याय है. लोगों को सिर्फ उनके धर्म और पृष्ठभूमि की वजह से बाहर निकाला जा रहा है. उन्होंने अपने भाषण में स्पष्ट किया कि उन्होंने हमेशा पाकिस्तान द्वारा जम्मू और कश्मीर के कुछ हिस्सों पर अवैध कब्जे की निंदा की है और यह मानते हैं कि जम्मू और कश्मीर की पूरी रियासत को भारत के शासन में फिर से शामिल किया जाना चाहिए.
ब्रिटिश सांसद ने लगाए वंदे मातरम के नारे
इस अवसर पर ब्लैकमैन ने लोगों के बीच ‘भारत माता की जय’ और ‘वंदे मातरम’ के नारे भी लगाए. उन्होंने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ अपनी आवाज उठाना और पाकिस्तान के अवैध कदमों की आलोचना करना उनका लंबा समय से चल रहा मिशन रहा है. ब्लैकमैन ने पाकिस्तान पर भी कड़ा हमला करते हुए कहा कि PoK पर अवैध कब्जा न केवल भारत की संप्रभुता का उल्लंघन है, बल्कि यह क्षेत्र में स्थिरता के लिए भी खतरा है.
#WATCH | Jaipur, Rajasthan | At a Hi-Tea Programme at the Constitutional Club, British MP Bob Blackman said, “…. I didn’t just call for the abrogation of Article 370 back when Prime Minister Modi put it in the manifesto and implemented it. I called for this back in 1992, when… pic.twitter.com/n7IJ4zVYsQ
— ANI (@ANI) January 5, 2026
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ब्रिटिश सांसद ने भारतीय लोकतंत्र और विकास की सराहना करते हुए कहा कि वह भारत के साथ स्थायी संबंधों और सहयोग में विश्वास रखते हैं. ब्लैकमैन ने जोर देकर कहा कि उनक मत न केवल राजनीतिक समर्थन है, बल्कि मानवाधिकार और न्याय के मूल सिद्धांतों पर आधारित है. कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने ब्लैकमैन के बयान का स्वागत किया और उनकी भारत समर्थक राय को सराहा. इस दौरान उन्होंने भारतीय एकता, जम्मू-कश्मीर और कश्मीरी पंडितों के मुद्दों पर भी गहरी चिंता व्यक्त की.
