News in Brief

Developed India Mumbai Marina Project: केंद्र सरकार की तरफ से मुंबई में 887 करोड़ रुपए की अनुमानित लागत से बनने जा रहे जा रहे विश्व स्तरीय मरीना को विकसित करने की योजना को मंजूरी दे दी है. केंद्र सरकार के इस कदम से भारत की आर्थिक राजधानी में तटीय शिपिंग, समुद्री पर्यटन और तटों से लगते शहरी इलाके में विकास को महत्वपूर्ण बढ़ावा देने की उम्मीद जताई जा रही है. प्रस्तावित विकसित भारत मुंबई मरीना को पोर्ट, शिपिंग और जलमार्ग मंत्रालय की तरफ से पास किया गया है. केंद्रीय पोर्ट और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने कहा कि विकसित भारत मुंबई मरीना को मंजूरी तटीय शिपिंग और समुद्री टूरिज्म को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण कदम है. 

12 हेक्टेयर में बनेगा
उन्होंने यह भी कहा कि पीएम मोदी की दूरदृष्टि से प्रेरित ये योजना वर्ल्ड लेवल बुनियादी ढांचा तैयार करेगी. जिससे की समुद्री तट को आम लोगों के उपयोग के लिए खोलेगी जिससे इन्वेस्टमेंट को बढ़ावा मिलेगा. इसके साथ-साथ नए रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे. सर्बानंद ने इस योजना को मुंबई में वर्ल्ड वाइड समुद्री टूरिज्म सेंटर के तौर पर स्थापित करने में लाभदायक बताया. जिससे की भारत की तरफ से समुद्री अर्थव्यवस्था के लिए बनाए गए लक्ष्यों को आगे बढ़ाएगी. विकसित भारत मुंबई मरीना लगभग 12 हेक्टेयर में बनाया जाएगा. जिसमें 30 मीटर की हाइट तक वाली 424 नौकाओं को खड़े करने की क्षमता होगी. 

यह भी पढ़ें: जब आ गया था मुलायम के एनकाउंटर का आदेश, ‘साइकिल’ से किसके पास भागकर बचाई थी जान?

Add Zee News as a Preferred Source

समुद्री पर्यटन को बढ़ावा

इसके अलावा मरीना पर अप्रोच ट्रेस्टल, पाइल्ड ब्रेकवाटर, सर्विस प्लेटफार्म के अलावा पोंटून और गैंगवे भी होंगे. जिनको सेफ और सामान्य नौका संचालन के लिए डिजाइन किया जाएगा. मरीना पर टर्मिनल बिल्डिंग, एक नमो भारत अंतरराष्ट्रीय नौकायान स्कूल के अलावा समुद्री पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विकास केंद्र और होटल, क्लब जैसी भी सुविधाएं होंगी. यहां पर शिप की मरम्मत के लिए सभी सुविधाओं का ढांचा भी तैयार किया जाएगा. इस परियोजना को मैरीटाइम इंडिया विजन 2030 और मैरीटाइम अमृत काल विजन 2047 के तहत सागरमाला कार्यक्रम और क्रूज भारत मिशन के तहत तैयार किया जाएगा.