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Republic Day 2026: 26 जनवरी को पूरा देश 77वें गणतंत्र दिवस को मनाने के लिए तैयार है. इस बीच राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने गणतंत्र दिवस पर मेहमानों के लिए तैयार किए गए खास आमंत्रण पत्र की झलक को साझा किया है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर राष्ट्रपति भवन की ओर से एक खास वीडियो को साझा किया गया है, जिसमें इस खास हाथ से बने निमंत्रण पत्र को देखा जा सकता है. 

एक्स पर लिखा गया कि यहां 77वें गणतंत्र दिवस के लिए भारत के राष्ट्रपति की ओर से मेहमानों को भेजे गए खास तौर पर डिज़ाइन किए गए ‘एट-होम’ इन्विटेशन की एक झलक है. इस साल का इनविटेशन किट भारत के उत्तर पूर्वी क्षेत्र की जीवित परंपराओं का जश्न मनाता है. यह इन्विटेशन अष्टलक्ष्मी राज्यों के कुशल कारीगरों और शिल्पकारों को एक श्रद्धांजलि है.

क्यों खास है ये निमंत्रण पत्र? 

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बताया जाता है कि इस साल जो निमंत्रण पत्र मेहमानों को भेजा जाएगा, वह केवल सामान्य औपचारिक पत्र नहीं है. यह निमंत्रण पत्र भारत के पूर्वोत्तर क्षेत्र की सांस्कृति विरासत का जीवंत दस्तावेज बन कर सामने आया है. इस निमंत्रण पत्र में पूर्वोत्तर भारत की आठों राज्यों की पहचान, परंपरा और संस्कृति और प्रकृति से जुड़ा जीवन इस निमंत्रण पत्र के हर हिस्से में देखने को मिल सकता है. 

 

रिपोर्ट्स के अनुसार, इस निमंत्रण पत्र को इस तरीके से बनाया गया है कि जैसे ही इसको कोई खोलता तो वह पूर्वोत्तर भारत की सांस्कृतिक यात्रा पर निकला हुआ खुद को पाता है.

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सम्मानित मेहमानों को दिया जाएगा ये निमंत्रण पत्र 

उल्लखनीय है कि राष्ट्रपति भवन में 26 जनवरी को 77वें गणतंत्र दिवस उत्सव के दौरान देश भर के विशिष्ट मेहमानों को भेजा जाएगा. राष्ट्रीय डिजाइन संस्थान अहमदाबाद ने इस पत्र को तैयार किया है. इस निमंत्रण पत्र में लिखा है कि हम आपको भारत की सांस्कृतिक और कलात्मक विरासत का अनुभव करने के लिए आमंत्रित करते हैं.

गणतंत्र दिवस के इस निमंत्रण पत्र पर अरुणाचल प्रदेश, असम, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नगालैंड, सिक्किम और त्रिपुरा की पारंपरिक कारीगरी प्रदर्शित की है. इसको शिल्पकारों और परियोजना टीम के बीच सहयोगात्मक संवाद के माध्यम से विकसित किया गया है. 

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