US State Department: बांग्लादेश के हालात सुधरने का नाम ही नहीं ले रहे हैं, देशभर में हिंसा हो रही है. हिंदुओं पर अत्याचार किया जा रहा है. दो हिंदुओं हत्या कर दी गई है. जिसकी वजह से भारत देश में काफी ज्यादा आक्रोश है, वहां रहने वाले हिंदुओं में डर का माहौल है, इसी बीच US स्टेट डिपार्टमेंट ने बांग्लादेश में एक हिंदू आदमी की भयानक लिंचिंग की निंदा की. साथ ही साथ कहा कि नफरत और कट्टरता के इन घटिया कामों के खिलाफ आवाज उठाई जानी चाहिए.
US स्टेट डिपार्टमेंट की ये टिप्पणी दीपू चंद्र दास की ईशनिंदा के आरोपों को लेकर भीड़ द्वारा हमला किए जाने के बाद आई है, US स्टेट डिपार्टमेंट के एक प्रवक्ता ने कहा कि यूनाइटेड स्टेट्स सभी तरह की धार्मिक हिंसा की साफ तौर पर निंदा करता है. साथ ही बांग्लादेश की अंतरिम सरकार द्वारा बांग्लादेश में सभी समुदायों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाए जा रहे कदमों का स्वागत करता है और US धार्मिक आजादी और बोलने की आजादी, शांतिपूर्ण तरीके से इकट्ठा होने और संगठन बनाने का समर्थन करता है.
बांग्लादेश में माइनॉरिटीज, खासकर हिंदुओं पर धार्मिक अत्याचार की घटनाओं की दुनिया भर में आलोचना और विरोध हुआ है. बंगाली हिंदू आदर्श संघ (BHAS) UK के सदस्यों ने शनिवार को लंदन में बांग्लादेशी हाई कमीशन के बाहर हिंदुओं के लिए न्याय प्रोटेस्ट ऑर्गनाइज किया, जिसमें ऐसी घटनाओं के खिलाफ इंटरनेशनल एक्शन की मांग की गई. प्रोटेस्ट करने वालों ने अलग-अलग धर्मों की आवाज चिन्मय प्रभु की गलत गिरफ्तारी और इस्लामिक कट्टरपंथियों द्वारा दीपू दास की सरेआम लिंचिंग की निंदा की.
इससे पहले नेपाल के बड़े शहरों, बीरगंज, जनकपुरधाम और गोलबाजार में कई प्रोटेस्ट ऑर्गनाइज किए गए, गुस्साए प्रोटेस्ट करने वालों ने कुछ देर के लिए ईस्ट-वेस्ट हाईवे को ब्लॉक कर दिया, जिससे कुछ समय के लिए चक्का जाम (रोड ब्लॉकेड) हो गया, प्रोटेस्ट करने वालों ने हिंदुओं की हत्या बंद करो’ माइनॉरिटीज की सिक्योरिटी पक्की करो और ह्यूमन राइट्स की इज्जत करो जैसे नारे लगाए. वहीं भारत में दिल्ली से लेकर कोलकाता, भोपाल से लेकर हैदराबाद तक प्रोटेस्ट हुए और लोगों ने बांग्लादेश के इस रवैये की कड़ी निंदा की.
