News in Brief

Mumbai Airport: मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर बीते कुछ दिन किसी क्राइम वेब सीरीज से कम नहीं रहे. 21 से 29 जनवरी 2026 के बीच कस्टम्स जोन-III की टीम ने तस्करी के ऐसे-ऐसे मामले पकड़े, जिनमें ड्रग्स, सोना, हीरे और विदेशी करेंसी, सब कुछ शामिल था. फर्क बस इतना है कि ये कोई स्क्रीनप्ले नहीं, बल्कि हकीकत है.

एपिस प्रोफाइलिंग से खुली ड्रग्स की परत
कस्टम्स अधिकारियों ने स्पॉट और APIS प्रोफाइलिंग के आधार पर दो यात्रियों को रोका, जो बैंकॉक से मुंबई पहुंचे थे. तलाशी में उनके ट्रॉली बैग से 10.561 किलो हाइड्रोपोनिक वीड बरामद हुई. इंटरनेशनल ड्रग मार्केट में इसकी कीमत करीब 10.56 करोड़ रुपये आंकी गई. दोनों आरोपियों को NDPS एक्ट के तहत गिरफ्तार कर लिया गया.

हाइड्रोपोनिक वीड
यहीं कहानी खत्म नहीं होती. इसी दौरान मिली पुख्ता खुफिया जानकारी के आधार पर फिर दो और यात्रियों को पकड़ा गया. उनके बैग के अंदर से 15.961 किलो हाइड्रोपोनिक वीड निकली, जिसकी कीमत करीब 15.96 करोड़ रुपये बताई जा रही है. यानी सिर्फ एक हफ्ते में ड्रग्स तस्करी का करीब 26 करोड़ रुपये का नेटवर्क सामने आया. तस्कर ड्रग्स को ट्रॉली बैग के अंदर इस तरह छुपा रहे थे कि आम नजर में कुछ भी संदिग्ध न लगे.

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शरीर के भीतर छुपा करोड़ों का सच
27 जनवरी को कस्टम्स टीम ने एक और सनसनीखेज केस पकड़ा. एक बांग्लादेशी ट्रांजिट पैसेंजर और मुंबई एयरपोर्ट पर काम करने वाले एक स्टाफ मेंबर को गिरफ्तार किया गया. जांच में पता चला कि 1470 ग्राम 24 कैरेट सोना, जिसकी कीमत करीब 2.1 करोड़ रुपये है, शरीर के अंदर छुपाकर लाया गया था. यह सोना एयरपोर्ट पर काम करने वाले एक कर्मचारी को सौंपा गया, जो HRPL (हार्डकैसल रेस्टोरेंट्स प्राइवेट लिमिटेड) से जुड़ा था.

मोडस ऑपरेंडी
सोने को बॉडी कैविटी में छुपाकर तस्करी की जा रही थी ये बेहद जोखिम भरा होता है लेकिन मुनाफे वाला तरीका होता है. इसके अलावा, कस्टम्स ने चार अलग-अलग मामलों में 2162 ग्राम सोना भी जब्त किया, जिसकी कीमत करीब 2.89 करोड़ रुपये है। इन मामलों में तस्करों ने सोने को अपने कपड़ों के अंदर छुपा रखा था.

हीरे और विदेशी करेंसी की भी एंट्री
एक अलग केस में कस्टम्स ने एक यात्री के चेक-इन बैग से 10,660 कैरेट (2132 ग्राम) हीरे बरामद किए. इनकी कीमत करीब 1.81 करोड़ रुपये बताई गई है. वहीं, तीन अलग-अलग मामलों में चार यात्रियों के पास से विदेशी करेंसी जब्त की गई, जिसकी भारतीय कीमत करीब 1.18 करोड़ रुपये है, करेंसी को हैंड बैग और चेक-इन बैग में चालाकी से छुपाया गया था.

एयरपोर्ट बना तस्करी का हॉटस्पॉट?
इन सभी मामलों को जोड़ें तो साफ है कि मुंबई एयरपोर्ट तस्करों के लिए एक बड़ा ट्रांजिट पॉइंट बन चुका है. ड्रग्स माफिया, गोल्ड सिंडिकेट और करेंसी स्मगलर्स सब अपनी-अपनी चाल चल रहे थे लेकिन इस बार कस्टम्स की प्रोफाइलिंग, इंटेलिजेंस और सटीक कार्रवाई ने पूरा खेल बिगाड़ दिया.