
Jihadi Sajid Akram Travel Profile: ऑस्ट्रेलिया में सिडनी के बॉन्डी बीच पर अंधाधुंध फायरिंग कर 15 की जान लेने वाले जिहादी साजिद अकरम के बारे में ऑस्ट्रेलिया और भारत में गहन जांच चल रही है. तेलंगाना के डीजीपी बी. शिवधार रेड्डी ने आज शुक्रवार को प्रेसवार्ता करके साजिद के बारे में विस्तार से जानकारी दी. उन्होंने बताया कि पिछले 27 सालों में साजिद अकरम ने 6 बार भारत की यात्रा की. उसकी ये यात्राएं निजी और पारिवारिक संपत्ति के सेटलमेंट से जुड़ी हुई थी. इन 27 सालों में तेलंगाना में उसके खिलाफ कोई केस दर्ज नहीं हुआ.
ऑस्ट्रेलियन लड़की से शादी कर लिया पार्टनर वीजा
डीजीपी बताया कि 50 वर्षीय साजिद अकरम मूल रूप से हैदराबाद का रहने वाला था. उसने 1998 में तेलंगाना के अनवर-उल-उलूम कॉलेज से बी.कॉम की डिग्री पूरी की. उसी साल वह स्टूडेंट वीजा पर पढ़ने के लिए ऑस्ट्रेलिया चला गया. वहां पर वर्ष 2000 में यूरोपीय मूल की महिला वेनेसा से शादी की, जो ऑस्ट्रेलियाई स्थायी निवासी थीं.
इस शादी की वजह से उसका वीजा पार्टनर वीजा में बदल गया. इसके बाद उसके बेटे नवीद अकरम का जन्म हुआ, जिसे बर्थ के साथ ही ऑस्ट्रेलियाई नागरिकता मिल गई. डीजीपी ने बताया कि साजिद अकरम एक शादी तक ही नहीं रुका. वह 2003 में अपनी पत्नी के साथ हैदराबाद आया और मुस्लिम रीति-रिवाजों से दूसरी शादी की.
हैदराबाद की संपत्ति बेचकर ऑस्ट्रेलिया में खरीदा घर
इसके बाद 2004 में वह अपने बेटे नवीद को परिवार से मिलवाने हैदराबाद आया. वर्ष 2006 में पिता की मृत्यु के बाद हैदराबाद की यात्रा की. वर्ष 2008 में साजिद को रेजिडेंट रिटर्न वीजा (आरआरवी) मिल गया.
डीजीपी ने बताया कि पिछले 27 सालों में साजिद अकरम ने भारत की छह बार यात्रा की. वह 2011-2012 और 2016-2018 में संपत्ति बिक्री और सेटलमेंट के लिए भारत आया. हैदराबाद में विरासत में मिली संपत्ति बेचकर उसने ऑस्ट्रेलिया में घर खरीदा. वह आखिरी बार 2022 में अपनी मां और बहन से मिलने आया.
तेलंगाना में बाप-बेटे पर कोई केस दर्ज नहीं
इसके बाद से साजिद ने नियमित रूप से अपना भारतीय पासपोर्ट नवीनीकृत कराया. अधिकारियों के मुताबिक, भारत में साजिद अकरम और उसके बेटे नवीद अकरम के खिलाफ कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है. वहीं परिवार का दावा है कि उनके कट्टरपंथी होने की कोई जानकारी नहीं थी.
डीजीपी ने स्पष्ट किया कि साजिद और उनके बेटे नवीद के कथित कट्टरपंथीकरण का भारत या तेलंगाना से कोई संबंध नहीं दिखता. हालांकि ऑस्ट्रेलियाई जांच एजेंसियां इस मामले की जांच कर रही हैं. जब उनकी जांच पूरी तरह खत्म हो जाएगी, तभी इस मामले में विस्तार से पता चल पाएगा.
बॉन्डी बीच पर कब हुई थी मॉस शूटिंग?
बताते चलें कि ऑस्ट्रेलिया के बॉन्डी बीच पर हुई यह घटना 14 दिसंबर 2025 को हुई थी. तब यहूदी पर्व हनुक्का मनाने के लिए बीच पर हजारों की संख्या में लोग जुटे हुए थे. उसी दौरान गैर-मुस्लिमों के खिलाफ नफरत से भरे जिहादी साजिद अकरम और उसके बेटे नवीद अकरम ने अंधाधुंध फायरिंग कर 15 लोगों की हत्या कर दी थी. जबकि कई लोग घायल हुए थे. इस घटना में साजिद अकरम पुलिस की गोली से मारा गया था. वहीं नवीद घायल होकर अस्पताल में भर्ती है.
