Jaipur : प्रत्येक मास की त्योदाशी आती है. उस प्रदोष कहते हैं. जब शनिवार (Saturday) के दिन प्रदोष व्रत आता है तो शनि प्रदोष का पर्व हो जाता है. इस महीने मई 8 तारीख को यह शनि प्रदोष (Shani Pradosh) का व्रत रहेगा. 

ज्योतिषाचार्य पंडित निलेश शास्त्री ने बताया कि जिन जातकों की कुंडली में शनि का दोष या शनि की महादशा चल रही है. उनको शनि प्रदोष के दिन भगवान आशुतोष का पंचामृत से अभिषेक करना चाहिए.

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प्रदोष व्रत सभी दोषों को करता है दूर
ज्योतिषाचार्य पं. निलेश शास्त्री ने बताया कि जन्म कुंडली दशा महादशा अंतर्दशा में कोई किसी प्रकार का दोष हो तो प्रदोष का उपवास करने से दान करने से दोष समाप्त हो जाता है.

संतान सुख लिए करें प्रदोष व्रत
जिस जातक को संतान सुख नहीं मिल रहा है. उसे प्रदोष का उपवास करना चाहिए. साथ उस दिन भगवान शंकर का अभिषेक करवाने से संतान सुख की प्राप्ति होती है.

शनि प्रदोष पर करें यह उपाय
महामृत्युंजय मंत्र से भगवान का अभिषेक करें. काले तिल शंकर जी पर अर्पण करें. ॐ नमः शिवाय मंत्र का उच्चारण करते हुए अक्षत अर्पण करें

इस वर्ष कब-कब है शनि प्रदोष
पंडित निलेश शास्त्री ने बताया कि भाद्रपद मास में 2 शनि प्रदोष व्रत पर्व रहेगा. शनि प्रदोष व्रत 4 सितंबर और 18 सितम्बर को रहेगा.

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